CM हाउस के पास मिली ब्रांडेड शराब की बोतलें! आखिर VVIP इलाके में कहां से आया दारू वाला झोला?
राजधानी के सबसे सुरक्षित और वीवीआईपी इलाके में उस समय हड़कंप मच गया जब मुख्यमंत्री आवास (CM House) के पास संदिग्ध हालत में एक झोला मिला। स्थानीय लोगों ने जब झोले को देखा तो तुरंत पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने जब झोले की तलाशी ली तो उसमें से कई ब्रांडेड शराब की बोतलें बरामद हुईं।
यह मामला सामने आते ही पूरे इलाके में चर्चा शुरू हो गई कि आखिर इतनी सुरक्षा के बावजूद वीवीआईपी जोन में शराब से भरा झोला कैसे पहुंच गया। खास बात यह है कि जिस इलाके में यह झोला मिला, वहां आम लोगों की आवाजाही भी कड़ी जांच के बाद ही होती है। ऐसे में शराब की बोतलों का मिलना कई सवाल खड़े कर रहा है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सुबह के समय सड़क किनारे एक काले रंग का बैग पड़ा दिखाई दिया। पहले लोगों ने उसे सामान्य बैग समझकर नजरअंदाज किया, लेकिन काफी देर तक बैग वहीं पड़ा रहने पर शक हुआ। सूचना मिलते ही पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां मौके पर पहुंचीं। जांच के दौरान बैग में महंगी विदेशी और ब्रांडेड शराब की कई बोतलें मिलीं।
सूत्रों के मुताबिक बरामद शराब की बोतलों पर अलग-अलग कंपनियों के लेबल लगे हुए थे। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि ये शराब कहां से लाई गई और किसके लिए लाई जा रही थी। आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है ताकि बैग रखने वाले व्यक्ति की पहचान हो सके।
इस घटना के बाद विपक्ष ने भी सरकार पर सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं। विपक्षी नेताओं का कहना है कि जब मुख्यमंत्री आवास के आसपास ही ऐसी घटनाएं हो रही हैं तो आम इलाकों की सुरक्षा का अंदाजा आसानी से लगाया जा सकता है। वहीं सत्ताधारी दल के नेताओं ने कहा कि पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है और जल्द ही सच्चाई सामने आ जाएगी।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इलाके में हमेशा भारी पुलिस बल तैनात रहता है। हर आने-जाने वाले पर नजर रखी जाती है, इसके बावजूद शराब से भरा झोला मिलना बेहद चौंकाने वाला है। कई लोगों ने इसे सुरक्षा व्यवस्था में बड़ी चूक बताया है।
पुलिस अधिकारियों ने फिलहाल मामले पर ज्यादा जानकारी देने से इनकार किया है, लेकिन इतना जरूर कहा है कि जांच जारी है और जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा। शराब की बोतलों को जब्त कर लिया गया है और फॉरेंसिक जांच की भी तैयारी की जा रही है।
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर वीवीआईपी इलाके में शराब की यह खेप किसने पहुंचाई और इसके पीछे मकसद क्या था? क्या यह सिर्फ लापरवाही थी या फिर कोई बड़ा नेटवर्क काम कर रहा है? इन सवालों के जवाब जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएंगे।
